Fazilka Online News
News 24x7 Live

धुंध के मौसम में यमराज का संदेशवाहक बनी भुंग लगी ट्रालियां

फाजिल्का, 7 नवंबर (दीपक नागपाल/पारस कटारिया): भारी धुंध के इस मौसम में जहां प्रतिदिन वाहनों के टकराने की घटनाएं आम हो गई है, ऐसे में गेहूं की तूड़ी व धान के छिलके से भरी भुंग लगी ट्रालियों का सडक़ पर खुले आम चलना मौत बांटने के बराबर है। हैरानी की बात यह है कि ट्रैफिक पुलिस छोटे छोटे वाहनों को रोककर चेकिंग करती है ओर मामूली गड़बड़ी होने पर चालक का चालान काट देती है, लेकिन पुलिस की नजरों के सामने से पूरी सडक़ को रोककर चल रही यह ट्रालियां बिना रोक टोक निकल जाती है। इन्हें कोई भी ट्रैफिक पुलिस व नाके पर खड़ा पुलिस कर्मी रोकने की जहमत नहंी उठाता। इसका कारण क्या है यह बताने की शायद जरूरत नहंी है। पुलिस की कार्यशैली किसी से छिपी नहंी है। संकरी लिंक सडक़ों से ट्रैफिक नियमों को तोड़ती हुई यह 6 से 12 फूट हुई ट्राली जब मुख्य सडक़ों पर पहुंचती है तो पूरी यातायात व्यवस्था को प्रभावित कर देती है। आगे सडक़ नजर न आने के कारण इनके पीछे चल रहें छोटे बड़े वाहनों की कतारें लग जाती है। चालक साइड में करके देेखते हैं और सामने से आ रहें दूसरे वाहन को देखकर इस ट्राली को क्रास करने की हिम्मत नहंी जुटा पाते। अगर कोई फास्ट चालक दिलेरी करता हुआ निकलने की कोशिश करता है तो हादसा हो जाता है अथवा वह बड़ी मुश्किल से बचता है। गर्मियों में तो फिर भी चालक आगे से रास्ता देख लेते हैं लेकिन ऐसी धुंध में जहां 20 फूट की दूरी पर भी वाहन नजर नहीं आता ऐसे में दिन रात चलती यह भुंग लगी ट्रालियां मौत की संदेश वाहक बनी हुई है। ट्रैफिक पुलिस का यह दायित्व है कि इन ट्रालियों के भुग उतरवाकर बाड़ी तक सीमित करें व उस पर भी पीछे रिफ्लेक्टर लगवाना यकीनी बनायें।

Source Sarhad kesri
Via Fazilka online

Leave A Reply

Your email address will not be published.